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पीलिया एक ऐसा रोग है जो शरीर को न सिर्फ बहुत अधिक कमज़ोर कर देता है बल्कि इस रोग से मुक्ति पाने के बाद भी काफी समय तक हमारा शरीर दुर्बल ही बना रहता है। अधिकतर हमें अपने आसपास पीलिया के रोगी अच्छे उपचार की तलाश में भटकते हुए ही मिलते हैं। अधिकतर लोगों का मानना है कि ऐलोपैथी में पीलिया रोग का उपचार है ही नहीं। इसीलिए पीलिया रोगी के सम्बन्धी पीलिया की आयुर्वेदिक दवा या पीलिया की होम्योपैथिक दवा ढूंढ़ते हुए ही मिलते हैं। प्रस्तुत है इस लेख में पीलिया रोग के लक्षण, कारण एवं उपचार की सम्पूर्ण जानकारी। 

क्यों होता है पीलिया रोग या जोंडिस (jaundice) 

वास्तव में हमारे खून में बिलीरुबिन की मात्रा का अधिक होना ही पीलिया को आमंत्रित करना होता हैl इस प्रक्रिया को ऐसे समझेंगे कि हमारे शरीर से व्यर्थ पदार्थ को छानकर मूत्र के द्वारा हमारे शरीर से बाहर करना हमारे लीवर का काम होता हैl हमारे लीवर में बिलीरुबिन मौजूद होता हैl जब हमारे लिवर में बिलीरुबिन की मात्रा कुछ ज्यादा हो जाती है तो लीवर इस प्रक्रिया को रोक देता हैl हमारे लीवर के ऊपर दबाव बढ़ने लगता हैl ऐसे में लीवर कमजोर पड़ जाता है और बिलीरुबिन नामक पदार्थ लीवर से निकल कर बाहर फैलने लगता हैl ये पदार्थ रक्त में घुलने लगता है, लीवर अपना काम करना बंद कर देता है और यही पीलिया हैl

पीलिया रोग (jaundice) के लक्षण

  1. हमारी आंखों का जो सफेद भाग होता है पीलिया होने पर वह पूर्ण रूप से पीला हो जाता है और हमारी आंखें पीली दिखाई देने लगती हैंl ये पीलिया के लक्षण हैं। 
  2. हमारे चेहरे से चमक गायब हो जाती है और हमारा पूरा फेस पीला सा पड़ जाता हैl इससे यह अंदाज़ा लगाया जा सकता है कि पीलिया या जॉन्डिस (jaundice) हो गया है। 
  3. हाथ की उंगलियों के नाखून पीले पड़ जाना भी पीलिया के लक्षण हैं। 
  4. हमें पर्याप्त रुप से भूख ना लगना भी पीलिया होने के कारण ही होता है। 
  5. हमेशा शरीर में बुखार रहना या बुखार आना फिर जाना लगातार बना रहना यह भी पीलिया के लक्षण हैंl
  6. अगर आपके पेशाब का रंग पीला है तो आप सतर्क हो जाएं यह पीलिया के लक्षण हैंl
  7. अगर आपको बार बार उल्टी आती है तो चिकित्सक की सलाह लें ये पीलिया के कारण हो सकता है। 

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पीलिया रोग (jaundice) के कारण

अधिक देर तक जागने से लिवर में गर्मी पैदा हो जाती है और ये धीरे धीरे ये पीलिया रोग का रूप ले सकती है।

अत्यधिक शराब के सेवन से भी पीलिया होने का खतरा बन जाता हैl

अधिक जंक फूड जैसे चाऊमीन समोसे बर्गर नूडल्स मोमोस इत्यादि बाहर रोड पर खुली सामान खाने से भी पीलिया नामक बीमारी उत्पन्न हो जाती हैl

अधिक भूखे रहने से लिवर में गर्मी हो जाती है। ये पीलिया रोग के बढ़ने में सहायता करता है। 

पीलिया रोग के अचूक उपचार

1. दही का सेवन:

जितना हो सके अधिक से अधिक दही का सेवन करें। ये आपके जिगर अर्थात लिवर को सुचारु रूप से कार्य करने में मदद करेगा।

2. हरे नारियल के पानी का सेवन:

यदि आपको पीलिया रोग अर्थात जॉन्डिस (jaundice) हो गया है तो दिन में कम से कम दो हरे नारियल के पानी का सेवन करें हरे। नारियल का पानी पीलिया के रोगी के लिए बहुत ही लाभदायक होता हैl

3. हरी घास पर नंगे पैर चलना: 

यदि आप पीलिया रोग से पीड़ित हैं और थोड़ा बहुत चल फिर सकते हैं तो सुबह पार्क में जाकर हरी घास पर नंगे पैर चलें। ऐसा अपने सामर्थ्य के अनुसार ही करें। इससे आपको काफी फायदा होगाl

4. गाजर और गोभी का रस:

गाजर का जूस निकाल लें। साथ ही फूल गोभी को कद्दू कस करके निचोड़ कर उसका रस निकालें। दोनो को मिलकर पीलिया रोगी को पिलाएं, लाभ होगा। 

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5. गन्ने के रस का सेवन:

पीलिया रोग से पीड़ित रोगी को सुबह ताजा गन्ने का रस पीना चाहिए गन्ने का रस पीलिया के रोगियों को बहुत लाभ पहुंचाता है इससे पीलिया ठीक हो जाता है।

6. मूली के पत्ते का रस: 

पीलिया के रोगी को ताजी मूली के हरे पत्ते पीसकर इसका रस निकालकर पिलाएं। इससे रोगी के पेट की आंतें साफ होंगी। इससे भूख लगनी भी शुरु हो जाती है। इससे रोगीं को काफी राहत मिलती है।

7. नींबू का सेवन 

पीलिया रोग से ग्रस्त रोगी को नींबू का अत्यधिक मात्रा में सेवन करना चाहिए। नींबू की शिकंजी बना कर पीना रोगी के लिए काफी लाभदायक है। 

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8. दही का सेवन 

अगर किसी को पीलिया है तो शाम को या सुबह प्रतिदिन दही का सेवन करें यह करने से भी पीलिया में बहुत राहत मिलती है।

9. खाली पेट संतरे का सेवन: 

सुबह खाली पेट संतरे का रस अथवा दो संतरे प्रतिदिन खाएं ऐसा करने से भी पीलिया रोगी को राहत मिलती हैl

सावधान

हमारे किसी भी लेख में  दी गई जानकारी को अपने विवेक एवं किसी योग्य चिकित्सक की सलाह से ही प्रयोग में लाएं। हमारा उद्देश्य है कि हम आपको स्वास्थ्य के लिए यथासंभव उचित जानकारी दें। यदि हमसे कोई त्रुटि हुई हो तो हम क्षमाप्रार्थी हैं। हमारे किसी भी लेख में दी गई जानकारी से आपको यदि कोई हानि पहुंचती है तो उसके जिम्मेदार हम नहीं हैं। अधिक जानकारी के लिए आप किसी अच्छे डॉक्टर से भी संपर्क कर सकते हैं। पीलिया एक खतरनाक बीमारी है, इसे नज़रअंदाज़ ना करें जैसे ही पता लगे कि आपको पीलिया रोग ने जकड लिया है तो तुरंत किसी डॉक्टर की सलाह लें। धन्यवाद स्वस्थ रहें प्रसन्न रहें, यही हमारी मनोकामना हैl

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